राज-काज
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-सच क्या है यह मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ही जाने, पर गुजरात में भाजपा की नई सरकार के शपथ ग्रहण शुरू होने से पहले ही वापस लौटने की वजह से शिवराज सिंह को लेकर शुरू हुआ अटकलों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। इसे शिवराज से भाजपा नेतृत्व की नाराजगी से जोड़कर देखा जा रहा है। कहा जा रहा है कि उनकी कुर्सी खतरे में है। ऐसी ही अटकलें अमित शाह के उज्जैन दौरे के बाद प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान को लेकर चल पड़ी हैं। हालांकि इनका कोई ठोस आधार नहीं है। मुख्यमंत्री तो गुजरात से वापस लौटने के बाद मीडिया के सवाल के जवाब में और ट्वीट के जरिए स्पष्टीकरण देते हुए कह चुके हैं कि उनका पहले से कार्यक्रम निर्धारित था इसलिए वे मुख्यमंत्री....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-कांग्रेस की तरह भाजपा में भी प्रदेश अध्यक्ष बदलने की अटकलें तेज हैं। इसकी वजह से नंदकुमार सिंह चौहान न तो मन से प्रदेश अध्यक्ष का दायित्व निभा पा रहे और न ही पूरी तरह से अपना संसदीय क्षेत्र देख पा रहे हैं। आशंका यह है कि कहीं ‘खुदा मिला न बिसाले सनम’ जैसा हश्र न हो। अर्थात बाद में प्रदेश अध्यक्ष की कुर्सी भी चली जाए और संसदीय क्षेत्र में ध्यान भी न दे पाएं। हटाए जाने की अटकलों के कारण प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान के चेहरे एवं बातों में इस परेशानी को साफ देखा जा......
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
- इस खबर में सच्चाई कितनी है यह तो भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान एवं प्रदेश संगठन महामंत्री सुहास भगत जाने, पर राजनीतिक हलकों में उनके बीच तालमेल न होने की खबरें तेज हैं। कहा जा रहा है कि इसकी वजह से पार्टी के प्रदेश पदाधिकारी एवं नेता दो खेमों में बंट गए हैं। ये मतभेद चित्रकूट विधानसभा क्षेत्र के उप चुनाव के लिए टिकट वितरण के समय भी सामने आए थे। चर्चा थी कि चित्रकूट का टिकट तय करने में नंदकुमार सिंह चौहान के साथ मुख्यमंत्री की राय को भी तवज्जो नहीं मिली और संघ ने टिकट पर मुहर लगा दी। ऐसा संगठन के अन्य कई निर्णयों में हो रहा है। चूंकि सुहास भगत संघ की लाइन को आगे बढ़ा रहे हैं, नंदकुमार सिंह चौहान को न चाहते हुए साथ खड़ा होना पड़ता है। मतभेदों का पता इससे भी चलता है कि चित्रकूट में पार्टी की हार के बाद से ही संगठन इसका ठीकरा संघ के सिर फोड़ने की कोशिश कर रहा है। राजनीतिक हलको में प्रचारित हो रहा है कि.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-बारह साल तक की बच्ची के साथ रेप करने वालों को फांसी की सजा के प्रावधान वाले विधेयक पर मंत्रिमंडल की बैठक में चर्चा के दौरान जयंत मलैया एवं गोपाल भार्गव जैसे मंत्रियों द्वारा व्यक्त की गई आशंका सही साबित होने लगी है। संयोग से ये दोनों मंत्री बुंदेलखंड से हैं और विधानसभा में संबंधित विधेयक पारित होने के बाद बच्ची के साथ गेंगरेप की जो पहली घटना हुई वह बुंदेलखंड के ही सागर जिले में घटी। बीना के देवलगांव में दरिंदों ने न केवल बच्ची के साथ बारी बारी से बलात्कार किया बल्कि केरोसिन डालकर उसे आग के हवाले भी कर दिया। मंत्रिमंडल की बैठक में जब यह विधेयक लाया गया था तब गोपाल भार्गव एवं जयंत मलैया ने यही कहा था कि इस पर अच्छी तरह विचार कर लिया जाए क्योंकि कहीं ऐसा न हो कि फांसी के डर से आरोपी बच्चियों की हत्या करने लगे।....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-प्रदेश में भाजपा नेताओं के बीच अंतर्कलह एवं समन्वय की कमी ने पार्टी नेतृत्व की नींद उड़ा दी है। हालात ये हैं कि प्रदेश अध्यक्ष, संगठन महामंत्री एवं सह संगठन महामंत्री के बीच पटरी नहीं बैठ रही। प्रदेश पदाधिकारियों के बीच वर्चस्व एवं अधिकार की लड़ाई छिड़ी है। कई बड़े नेता एक गुट बनाकर संगठन एवं सरकार के नेतृत्व को चुनौती बन रहे हैं। खबर यह भी है कि अटेर एवं चित्रकूट विधानसभा क्षेत्रों के उपचुनावों में पार्टी की हार की एक वजह अंतर्कलह रही। इन खबरों से चिंतित पार्टी नेतृत्व की ओर से भाजपा के प्रदेश प्रभारी विनय सहस्त्रबुद्धे पिछले दिनों चुपचाप भोपाल आए और सीएम हाउस में इस मसले को लेकर बैठक की। सहस्त्रबुद्धे नेतृत्व की....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
- भाजपा नेताओं में किसी भी कीमत पर चुनाव जीतने की ललक से पहले ‘पार्टी विद डिफरेंस’ नारे के मायने खत्म हुए और अब चित्रकूट में भाजपा की हार पर भाजपाईयों द्वारा ही जश्न मनाने की खबरों ने भाजपा को पूरी तरह से कांग्रेस की जमात में लाकर खड़ा कर दिया है। भाजपा को देखने और जानने वाले कहते हैं कि ऐसी तो नहीं थी कैडरवेस दल होने का दावा करने वाली यह पार्टी। बहरहाल चित्रकूट में पराजय एवं नेताओं की गुटबाजी की वजह से हो रही छीछालेदर ने पार्टी नेतृत्व को चौकन्ना कर दिया है। पार्टी का मानना है कि इससे पहले अटेर में भी भाजपा भितरघात की वजह से हारी थी। चूंकि दो विधानसभा क्षेत्रों के लिए उप चुनाव फिर सिर पर हैं। इसलिए पार्टी के अंदर डैमेज कंट्रोल की कोशिशें......
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-कांग्रेस के ज्योतिरादित्य सिंधिया को भाजपा बड़ी चुनौती मानती है। अटेर विधानसभा क्षेत्र में पार्टी की हार से भाजपा और उसकी सरकार चौकन्ने हुए हैं। कांग्रेस की जीत और भाजपा की हार का श्रेय सिंधिया को ही जाता है। सिंधिया के क्षेत्र में मुंगावली एवं कोलारस क्षेत्र में फिर उप चुनाव होना है। भाजपा यहां हर कीमत पर जीतना चाहती है। यही वजह है कि उप चुनावों की घोषणा हुई नहीं और अभी से मुंगावली एवं कोलारस में जीत की रणनीति बनाने के उद्देश्य से ग्रह मंत्री भूपेंद्र सिंह के बंगले में प्रमुख नेताओं की बैठक हुई। इसमें प्रभात झा, जयभान सिंह पवैया एवं नरोत्तम मिश्रा जैसे नेता शामिल हुए लेकिन भोपाल में होने के बावजूद प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान को नहीं बुलाया गया। ग्वालियर अंचल की मंत्री यशोधराराजे सिंधिया एवं माया सिंह सिंधिया परिवार से जुड़ी हैं इसलिए इन्हें बैठक में न बुलाना समझ में आता है लेकिन नंदकुमार सिंह चौहान की उपेक्षा......
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-राजनीति में अलग चाल, चरित्र एवं चेहरे का दावा करने वाली भाजपा के नेता नेतृत्व की इस मंशा पर खरे नहीं उतर पा रहे हैं। चरित्र के मामले में भाजपा और संघ से जुड़े कई नेता उसी तरह समाज के सामने बेनकाब हुए हैं जिस तरह आजकल संतों, बाबाओं के पर्दे के पीछे चलने वाले खेल उजागर हो रहे हैं। सीडी की वजह से भाजपा सरकार के पिछले कार्यकाल में एक वरिष्ठ मंत्री का चेहरा दागदार हुआ था और पार्टी को उन्हें उनके हाल में छोड़ देना पड़ा था। सरकार के एक मंत्री की एक महिला नेत्री के साथ सीडी फिर चर्चा में है। यह सीडी अभी सार्वजनिक नहीं हुई है पर खबरें अखबारों व सोशल मीडिया की सुर्खियों में हैं। मंत्री चूंकि नेतृत्व के नजदीक हैं, इसलिए सीडी मामले को दबाने की भरपूर कोशिश हो रही है। चाल, चरित्र और चेहरे पर दाग लगाने वाले यह मंत्री....
-मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से बैर के लिए चर्चित भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने फिर हमला बोला। विषय उनके पसंदीदा, नौकरशाही का हावी होना और सरकार का आम लोगों से कटना। घेरने के लिए उन्होंने पत्र को जरिया बनाया। पत्र लिखा भी सीधे मुख्यमंत्री चौहान को। इसमें दोहराया गया कि प्रदेश में नौकरशाही हावी है और जनता व पार्टी कार्यकर्ता परेशान। कार्यकर्ताओं की संतुष्टि एवं समस्याओं के समाधान के लिए चौपालों की जरूरत है पर इनकी औपचारिकता हो रही है। कैलाश इन विषयों पर पहले भी बोलते रहे हैं। एक बार तो वे और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान आमने-सामने थे। यह पत्र बम तब आया है जब अगले माह फिर संघ व भाजपा की समन्वय बैठक भोपाल में....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-राजनीतिक चकाचौंध के इस दौर में जब हर कोई सत्ता के नजदीक जाना चाहता है, पुरष्कार हासिल करने के लिए तरह तरह के जतन करता है तब बाबूलाल दाहिया जैसे साििहत्यकार किसान भी हैं जिन्हें पुरष्कार एवं अवार्ड से कोई मोह नहीं है। विंध्य क्षेत्र के इस किसान साहित्यकार को चित्रकूट में भाजपा किसान मोर्चा प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में मुख्यमंत्री के हाथों विशिष्ट कृषक पुरस्कार देने के लिए बुलाया गया था लेकिन उन्होंने यह पुरस्कार लेने से इंकार कर दिया। अधिकारियों को सूचना दे दी और खुद कार्यक्रम में नहीं गए। दाहिया ने कहा कि प्रदेश में किसानों की दुर्दशा, आत्महत्याओं एवं मंदसौर में किसानों पर पुलिस फायरिंग के लिए वे मौजूदा सरकार को जवाबदार मानते हैं इसलिए यह पुरस्कार नहीं ले सकते। दाहिया विंध्य के प्रख्यात साहित्यकार तो हैं ही, इस समय....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-भाजपा सुप्रीमो मप्र के दौरे पर आए तो उन्होंने यह कहकर कि ‘पार्टी ने 75 का कोई फार्मूला तैयार नहीं किया है’, मंत्रिमंडल से हटाए गए वरिष्ठ नेताओं बाबूलाल गौर एवं सरताज सिंह का गुस्सा शांत करने की कोशिश की थी। उनके बयान से प्रदेश का नेतृत्व भले कटघरे में खड़ा हुआ हो पर गौर एवं सरताज को लगा कि राजनीति में अब भी उनके लिए गुंजाइश शेष है। पर शाह के जाने के बाद पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान अपने इन वरिष्ठों के साथ जैसी जुबानी जंग कर रहे हैं, वह हैरान करने वाली है। वे पार्टी के प्रदेश के मुखिया हैं इस नाते उनकी जवाबदारी है कि कोई वरिष्ठ नेता अथवा कार्यकर्ता नाराज है तो उसे संतुष्ट करें, पर यहां तो उलटा हो रहा है। वे समस्या का समाधान करने की बजाय विवाद को और हवा देते नजर आ रहे हैं। नंदकुमार सिंह बयानों में ऐसे उलझे कि....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-बाहर से देखने में भले भाजपा सुप्रीमो अमित शाह मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं प्रदेश अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान की पीठ थपथपाते दिखाई पड़े हों पर कई मसले ऐसे आए जिनकी वजह से इनकी बोलती बंद हुई। शुरुआत पहले ही दिन भव्य स्वागत एवं लंबे स्वागत भाषण से हो गई थी जब अमित शाह ने फटकार लगा दी। दूसरा मुद्दा 75 का फार्मूला रहा। अमित शाह ने कह दिया कि 75 का कोई फार्मूला है ही नहीं। स्वाभाविक तौर पर सवाल उठे कि फिर बाबूलाल गौर एवं सरताज सिंह को मंत्रिमंडल से क्यों हटाया गया था। तीसरी फजीहत कमल सिंह आदिवासी के यहां शौचालय न होने के कारण हुई। यहां अमित शाह को भोजन के लिए ले जाया गया था। यह खबर सर्वाधिक हाईलाईट हुई कि अमित शाह ने भारत स्वच्छ मिशन में काम के लिए मप्र की जमकर तारीफ.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
- अरविंद मेनन प्रदेश में लंबे समय तक भाजपा के संगठन महामंत्री तो रहे ही, इस समय वे पार्टी के राष्टÑीय पदाधिकारी हैं। उनका हाल का दौरा भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की तैयारी के संदर्भ में था। इस नाते वे शाह के मैसेंजर भी थे। बावजूद इसके प्रदेश अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान द्वारा उन्हें मीडिया से बात न करने देना, समझ से परे है। जानकार कहते हैं कि ऐसा कर उन्होंने सामान्य शिष्टाचार की सारी सीमाएं लांघ दीं। मेनन खुद मीडिया से बात करने से इंकार कर देते तो अलग बात थी पर प्रदेश अध्यक्ष द्वारा इस तरह एक राष्टÑीय पदाधिकारी को रोक देना, कई सवालों को जन्म दे गया। इस बात के कयास लगाए जाने लगे हैं कि आखिर नंदकुमार सिंह को मेनन के बोलने से खतरा क्यों महसूस हुआ? मेनन ऐसा क्या बोलने वाले थे? यह मसला अब तक राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है।...
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के तीन दिनी प्रदेश दौरे को लेकर प्रदेश का भाजपा नेतृत्व सतर्क है। शाह को चूंकि हर वर्ग के लोगों से मुलाकात कर संगठन व सरकार के बारे में फीडबैक लेना है, इसलिए भी खास सावधानी बरती जा रही है। नेतृत्व से असंतुष्ट नेता किसी भी हालत में अमित शाह से मिलकर अपनी बात रखना चाहते हैं जबकि सत्ता-संगठन की कोशिश असंतुष्टों को मिलने से रोकने की है। इसलिए शाह से मिलने के लिए कई बैरिकेट्स लगाए जा रहे हैं। जो नियुक्तियां तीन साल से भी ज्यादा समय से नहीं हुई थी उन्हें भरकर ज्यादा से ज्यादा लोगों को संतुष्ट किया जा रहा है। इस तरह पार्टी के अंदर शाह के कारण ‘सबका साथ, सबका विकास’ नारा फलीभूत हो रहा है।....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
- प्रदेश के ताकतवर मंत्री नरोत्तम मिश्रा को सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने पर कहीं खुशी तो कहीं गम का आलम है। इस राहत से विपक्षी दल कांग्रेस को तो झटका लगा ही है, मंत्रिमंडल के कुछ सदस्य भी उदास हैं। वजह उनके दिल के अरमां आसुओं में बह गए हैं। नरोत्तम जी के पास जलसंसाधन, संसदीय कार्य एवं जनसंपर्क जैसे महत्वपूर्ण विभाग हैं। कई मंत्रियों की इन विभागों पर नजर थी। वे इन्हें हासिल करने के लिए लाबिंग भी करने लगे थे पर इस बीच सुप्रीम कोर्ट ने निर्वाचन आयोग के निर्णय पर स्टे दे दिया। यह ठीक है कि अंतिम फैसला अभी नहीं आया है और स्टे कुछ समय के लिए है पर फिलहाल तो अरमानों पर पानी फिर गया। दावेदारों को अब.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-लगभग एक साल पहले भाजपा प्रदेश कार्यसमिति के समापन अवसर पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने धमकी भरे लहजे में कहा था कि मंत्रियों के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में रात गुजरना जरूरी है। यह उनके मंत्री रहने की योग्यता में शामिल है और जो मंत्री गांवों में रात नहीं गुजारेगा वह मंत्रिमंडल में नहीं रहेगा। पर शायद ही किसी मंत्री पर इस धमकी का असर पड़ा हो। मंत्री लगातार मुख्यमंत्री के निर्देशों की अनदेखी कर रहे हैं पर एक भी मंत्री की छुट्टी गांव में रात न गुजारने के कारण नहीं हुई। फिर अवसर था भाजपा प्रदेश कार्यसमिति बैठक के समापन अवसर का, जिसमें मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि यदि अब खसरा, खतौनी को लेकर शिकायत मिली तो संबंधित कलेक्टर को उलटा टांग दिया जाएगा। वे कलेक्टरी करने लायक नहीं बचेंगे। सवाल यह पैदा होता है कि क्या किसी कलेक्टर को उलटा टांगना संभव....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-पुरानी कहावत है कि हर व्यक्ति को तोल-मोल कर अर्थात सोच समझकर बोलना चाहिए। कम से कम वरिष्ठ मंत्रियों एवं नेताओं से तो यह उम्मीद की ही जाती है। पर नरोत्तम को लेकर दो बुजुर्ग नेता बिना सोचे समझे बोलकर उलझ गए। इनमें एक हैं, विधानसभा अध्यक्ष सीतासरन शर्मा, जिन्होंने निर्वाचन आयोग के निर्णय को नियम विरुद्ध बता दिया और कहा कि वे विधायक हैं इसलिए राष्टÑपति चुनाव में वोट डालेंगे। उन्हें अयोग्य घोषित करने का अधिकार सिर्फ राज्यपाल को है। पर सब उलट-पुलट हो गया। हाईकोर्ट दिल्ली के निर्णय के बाद तय हो गया कि नरोत्तम मिश्रा राष्टÑपति चुनाव में वोट नहीं डाल पाएंगे। अब श्री शर्मा को खुद कहना पड़ रहा है कि नरोत्तम जी वोट नहीं डाल सकेंगे। इसी प्रकार वरिष्ठ मंत्री जयंत मलैया ने कह दिया कि.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-मप्र में लगभग 14 साल से कांग्रेस की सरकार है और तीन साल से केंद्र में भी, पर अब भी आरएसएस और भाजपा के लिए धर्मांतरण चिंता का सबसे बड़ा मुद्दा बना हुआ है। यह झलक हाल ही में जबलपुर में महाकौशल प्रांत की संघ एवं भाजपा की समन्वय बैठक में देखने को मिली। संघ एवं भाजपा के पदाधिकारियों के साथ पहली बार मंत्री तक यह कहते मिले की ईसाई मिशनरियां सेवा के नाम पर तेजी से धर्मांतरण में जुटी हैं। लंबे समय से सत्ता में रहने के बावजूद मंत्रियों की यह चिंता सरकार के कामकाज पर भी सवाल खड़े करती है। क्योंकि यदि ऐसा है तो 14 साल से सरकार क्या कर रही है। बहरहाल जबलपुर की समन्वय बैठक में सबसे ज्यादा डेढ़-दो घंटे तक ईसाई मिशनरियों द्वारा कराए जा रहे धर्मांतरण पर ही चर्चा चली। इसे कैसे रोका जाए, इस पर रणनीति के साथ काम करने पर.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-बार-बार आने वाली बाधाओं को पार कर जब कोई कामयाब बना रहता है तो कहा जाता है कि इनका भाग्य ऊपर वाले ने बहुत फुर्सत से लिखा है। प्रदेश में ऐसे भाग्य के धनी हैं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव। इनके भाग्य के सामने सभी विरोधी ढेर हैं। तभी तो डंपर कांड हो, व्यापमं घोटाला या फिर हाल का किसान आंदोलन, शिवराज सिंह चौहान समय समय पर इनके घेरे में आए। उन्हें हटाए जाने अथवा चुनाव में हार जाने की अटकलें चलीं पर सभी बाधाओं को पार करते हुए वे 12 साल से लगातार मुख्यमंत्री बने हुए हैं। एक बार मंदसौर में किसानों पर गोलीकांड एवं किसानों द्वारा हर दिन की जा रहीं आत्हत्याएं, उन्हें हटाए जाने की अटकलों के कारण बने हुए हंै। इसी प्रकार प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव पर...
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के दिन लगता है इस समय कुछ ठीक नहीं चल रहे। तभी तो किसान आंदोलन और उसे डील करने को लेकर वे पहले ही आलोचना के केंद्र में थे अब उनके द्वारा किया गया उपवास उनके गले की फांस बन रहा है। मुख्यमंत्री ने जब उपवास की शुरुआत की थी तब ही खबर थी कि भाजपा आलाकमान किसानों के मसले को ठीक ढंग से हैंडिल न करने, एक करोड़ का मुआवजा देने तथा उपवास के निर्णय से नाराज है। इसके बाद मृतक किसानों के परिवार को उपवास स्थल पर बुलाने के लिए भी सरकार की आलोचना हुई।यह बात किसी के गले नहीं उतरी कि जिन किसान परिवारों के सदस्य पुलिस गोली से मरे, उनके घर जाने की बजाय उन्हें भोपाल मंच पर लाया गया सिर्फ ये दिखाने के लिए कि देखिए ये पीड़ित किसान मुख्यमंत्री से उपवास तोड़ने का आग्रह करने आए हैं। सरकार का यह दांव.......
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-यह खबर सोशल मीडिया एवं राजनीतिक हलकों में चर्चा का ज्वलंत विषय है कि प्रदेश में भड़के किसान आंदोलन, पुलिस फायरिंग में मृत किसानों के परिजनों को एक-एक करोड़ की सहायता देने और फिर मुख्यमंत्री के उपवास में बैठने से भाजपा आलाकमान बेजा नाराज है। इसीलिए संगठन के दो राष्टÑीय पदाधिकारियों एव दो केंद्रीय मंत्रियों को उनका उपवास समाप्त कराने की स्क्रिप्ट के साथ भेजा गया। यह खबर सच भी हो सकती है और गलत भी, पर है सनसनीखेज। दोनों केंद्रीय मंत्रियों नरेंद्र सिंह तोमर एवं थावरचंद गहलोत तथा राष्टÑीय पदाधिकारियों कैलाश विजयवर्गीय एवं प्रभात झा ने मुख्यमंत्री का उपवास तुड़वाने में मुख्य भूमिका निभाई भी है। जब तक उपवास खत्म नहीं हुआ वे हिले नहीं। खबर है कि भाजपा आलाकमान आंदोलन को ठीक ढंग से हैंडल न किए जाने से पहले ही नाराज था, इसके बाद.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-प्रदेश की दो गंभीर घटनाओं से यह साबित हो गया है कि या तो सरकार की इंटेलीजेंस नकारा है या फिर बड़ी घटनाओं को रोकने के लिए जो सावधानी बरती जाना चाहिए, उसे लेकर सरकार लापरवाह है। ऐसी पहली घटना है भोपाल का सांप्रदायिक तनाव। सरकार और प्रशासन को मालूम था कि शहर में क्या चल रहा है। पर सरकार तब तक नहीं चेती जब तक उपद्रवी मैदान में उतरकर तोड़फोड़, आगजनी एवं पथराव आदि नहीं करने लगे। प्रशासन ने जो बाद में किया, यदि पहले ही सावधानी बरती जाती तो इस स्थिति से बचा जा सकता था। इसी प्रकार सरकार को लगातार पता चल रहा था कि प्याज आदि की पैदावार इस बार अच्छी खासी हुई है और उचित दाम न मिलने से किसान परेशान है। छोटे-मोटे आंदालन भी शुरू हो गए थे। सरकार ने पिछले साल 6 रुपए प्रति किलो के समर्थन मूल्य पर प्याज खरीदी थी तो इस बार के लिए भी घोषणा कर सकती थी। पर ऐसा कुछ नहीं हुआ। नतीजा, किसान सड़कों पर उतर आए,.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-भारतीय जनता युवा मोर्चा की नई कार्यकारिणी विवादों से मुक्त नहीं हो पा रही है। पहले मोर्चा के मीडिया प्रभारी शिवम तिवारी को लेकर मोर्चा कटघरे में खड़ा हुआ। यह मामला किसी तरह शांत हुआ तो आयु सीमा को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया। भाजपा के राष्टÑीय संगठन महामंत्री रामलाल ने पिछले प्रदेश प्रवास के दौरान स्पष्ट किया था कि मोर्चा पदाधिकारी के लिए 35 वर्ष की आयुसीमा का पालन किया जाना चाहिए। पर खबर है कि 5-6 मोर्चा पदाधिकारी इससे ज्यादा उम्र के बन गए हैं। वे पदाधिकारी बनने के लिए उन्होंने उम्र कम दिखाने के लिए नए परिचय पत्र बनवाए हैं। विरोधी उनके पुराने व नए परिचय पत्र इकट्ठे कर शिकायत कर रहे हैं। यदि उम्र कम कराने की शिकायत सच निकली तो यह सीधा चार सौ बीसी का मामला बनता है। यदि इस मामले ने तूल पकड़ा तो घोषित पूरी कार्यकरिणी ही खतरे में....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-तिरंगा फहराने को लेकर कायम मामले में कर्नाटक से उमा भारती के नाम वारंट जारी हुआ तो उन्हें मुख्यमंत्री पद छोड़ना पड़ा। ग्वालियर में जनता के लिए लड़ाई की वजह से अनूप मिश्रा के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई तो उन्हें राज्य मंत्रिमंडल से हटा दिया गया। लेकिन इधर कोर्ट ने एक अन्य मंत्री लालसिंह आर्य को हत्या का आरोपी मानकर गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया तो मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान इस मसले पर चुप हैं लेकिन प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान का बयान आ गया कि लाल सिंह आर्य को इस्तीफा देने की जरूरत नहीं है। ऐसे में सवाल उठना लाजमी है। विपक्ष हमलावर है और आर्य का इस्तीफा मांग रहा है। सवाल यह है कि क्या भाजपा नेतृत्व नेताओं की आस्था को देखकर कार्रवाई करता है। अर्थात अनूप मिश्रा की पार्टी नेतृत्व से पटरी नहीं बैठ रही थी तो मंत्रिमंडल से बाहर और.....
दिनेश निगम ‘त्यागी’ -
-भाजपा में सोमवार को फिर जश्न का माहौल होगा। इस दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नर्मदा सेवा यात्रा के समापन अवसर पर अमरकंटक आ रहे हैं। भाजपा सरकार एवं संगठन ने इस कार्यक्रम में 5 लाख भीड़ इकट्टी करने का लक्ष्य तय कर रखा है। यह काम सरकारी पैसे से ही हो रहा है। तैयारी में दिन रात जुटे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं उनके सहयोगियों को उम्मीद है कि नर्मदा के उद्गम स्थल से शुरू होकर यही समाप्त होने वाली यह नर्मदा सेवा यात्रा भाजपा एवं उसकी सरकार के लिए मील का पत्थर साबित होगी। यह यात्रा भाजपा के उत्थान का वाहक बनेगी और अगले साल प्रस्तावित विधानसभा चुनाव में भाजपा की लगातार चौथी बार जीत का कारण भी। इस अपेक्षा की वजह से ही संगठन और सरकार ने इसमें पूरी ताकत झोंकी। सोमवार को अमरकंट में समूची सरकार, समूची भाजपा, मीडिया और पूरा प्रदेश होगा।.....
कनाडा में एक तरफ जहां भारत, अमेरिका समेत 20 देशों के प्रतिनिधि कोरिया संकट के समाधान के लिए माथापच्ची कर रहे हैं, वहीं नॉर्थ कोरिया ने एक बार फिर शांति की कोशिशों को झटका देने की कोशिश की है। मंगलवार को नॉर्थ कोरिया ने अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के उस ट्वीट संदेश पर आपत्तिजनक टिप्पणी की......
नई दिल्लीः इन दिनों भारतीय जनता पार्टी पर साउथ के मशहूर अभिनेता प्रकाश राज के शीत युद्ध जारी है। इसी का ताजा उदाहरण कर्नाटक में भी देखने को मिला। एक कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे अभिनेता के जाने के बाद भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने गौमूत्र से मंच को धोया।
बेंगलुरुः कर्नाटक में चुनावी रंग परवान चढ़ने लगा है। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले सत्ताधारी कांग्रेस और बीजेपी के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। योगी आदित्यनाथ की खिंचाई के बाद सीएम सिद्धारमैया ने एक बार फिर भाजपा पर हमला बोला है। सिद्धारमैया ने कांग्रेस को पांडवों की तरह और भाजपा को कौरव बताया है।
अमेरिका के कैलिफोर्निया स्थित एक घर में अपने ही 13 बच्चों को बंधक बनाकर रखने वाले एक दंपति को गिरफ्तार किया गया है. 57 वर्षीय डेविड एलेन तुरपिन और 49 वर्षीय लुइस अन्ना तुरपिन के सभी 13 बच्चे कुपोषित हालत में मिले. उनकी आयु दो से लेकर 29 वर्ष तक है. पुलिस के मुताबिक, बच्चों को जब मुक्त कराया गया, उस समय कुछ बच्चे अंधेरे में पलंग से बंधे थे.
जालंधरः जापान की वाहन निर्माता कम्पनी Isuzu ने भारत में अपनी Isuzu D-Max  की V-Cross कार को लांच कर दिया है। कीमत की बात करें तो इसकी High ट्रिम की एक्स-शोरूम कीमत 15.76 लाख रुपए और Standard ट्रिम की एक्स-शोरूम कीमत 14.26 लाख रुपए रखी गई है। वहीं, इस कार को एक नए कलर ऑप्शन रूबी रेड में लांच किया गया है।
मुंबईः कमला मिल हादसे में पुलिस ने एक और गिरफ्तारी हुई है। मोजोस बिस्ट्रो पब के मालिक युग तुली ने मंगलवार को मुंबई पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। पिछले 29 दिसंबर को हुई इस घटना में 14 लोग मारे गए थे। आत्मसमर्पण करने के बाद तुली को गिरफ्तार कर लिया गया।
14-01-2018
भोपाल। प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड ने खाद्य महकमे के 143 कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारियों की भर्ती में पेंच लगा दिया है। विभाग अभी तक इन पदों पर डिप्लोमाधारकों को भी आवेदन करने का मौका देता आया है। लेकिन इस बार प्रोफेशनल एक्जामिनेशन बोर्ड ने विभाग के प्रस्ताव को यह कहते हुए लौटा दिया कि इस पद के लिए डिग्री अनिवार्य है इसलिए डिप्लोमाधारकों को इसके लिए आवेदन नहीं कर पाएंगे।
16-01-2018
भोपाल : मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा अपने सुरक्षाकर्मी को कथित रूप से थप्पड़ मार कर धक्का देने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। यह घटना रविवार की है। शिवराज नगर पालिका चुनाव में प्रचार के लिए सरदारपुरा गए हुए थे। उन्होंने वहां रोड शो भी किया था।
16-01-2018
बोगोटा। सेंट्रल कोलंबिया में एक निर्माणाधीन ब्रिज गिरने की वजह से दस लोगों की मौत हो गई। वहीं इस हादसे में कई मजदूर अभी भी लापता हैं। समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने अधिकारियों के हवाले से बताया कि इस घटना में 2 लोग लापता हैं, जबकि 4 घायल हो गए हैं। चिराजारा में बन रहा ये ब्रिज, मेटा प्रांत में आता है और ये उस हाईवे का हिस्सा है, जो राजधानी बोगोटा को विलाविसेनसियो से जोड़ता है और अभी इसे आवाजाही के लिए नहीं खोला गया है।
16-01-2018
ganpat vasava 16 01 2018अहमदाबाद। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री गणपतसिंह वसावा की कार पर हमला करने का मामला सामने आया है। एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे मंत्री की कार पर कुछ अनजान लोगों ने पथराव कर दिया, जिसके कारण मंत्री जी को कार्यक्रम से मजबूरन वापस लौटना पड़ा। यह घटना रविवार की है।
16-01-2018
मुंबई। चोट की वजह से नियमित विकेटकीपर रिद्धिमान साहा दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ होने वाले तीसरे टेस्ट से बाहर हो गए। उनकी जगह दिनेश कार्तिक को भारतीय टीम में शामिल किया गया है और वे 24 जनवरी से होने वाले तीसरे टेस्ट से पहले भारतीय टीम के साथ जुड़ेंगे। साहा हैमस्ट्रिंग की चोट से जूझ रहे हैं और इसी के चलते वे अंतिम समय में दूसरे टेस्ट की प्लेइंग इलेवन से बाहर हुए थे।
16-01-2018
patanjali 16 01 2018नई दिल्ली। पहले ही एफएमसीजी सेक्टर में काफी उथल-पुथल मचा चुकी पतंजलि आयुर्वेद अब ई-कॉमर्स के जरिये धमाका करने जा रही है। पतंजलि आयुर्वेद ने मंगलवार को एक साथ ई-कॉमर्स क्षेत्र की आठ बड़ी कंपनियों के जरिये अपने उत्पादों की बिक्री शुरू करने का एलान किया है। इसका मतलब हुआ कि.....
कैबिनेट: सातवें वेतनमान पर बैठक में नहीं हुई चर्चा, मेधावी छात्रों की फीस देगी सरकारभोपाल। सीएम शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में कई अहम प्रस्तावों पर चर्चा हुई। हालांकि, सातवें वेतनमान का मुद्दा स्थगित कर दिया गया। कयास लगाई जा रही थी कि प्रदेश के साढ़े चार लाख कर्मचारियों को 1 जुलाई 2017 से ...
भोपाल/ प्रदेश के गृह मंत्री भूपेंद्र सिंह ने मंगलवार को विधानसभा में घोषणा की कि लोगों के करोड़ों रुपए ठग कर भागने वाली कंपनियों की मानीटरिंग एवं समय पर कार्रवाई करने के उद्देश्य से पुलिस मुख्यालय में एडीजी के नेतृत्व में एक मानीटरिंग सेल का गठन किया जाएगा। इसके साथ रिजर्व बैंक आफ इंडिया को पत्र लिखकर आग्रह किया जाएगा कि वे कंपनियों को लाइसेंस जारी करने से पहले पुलिस का सत्यापन अनिवार्य करें। गृह मंत्री विधानसभा में भाजपा के यशपाल सिंह सिसोदिया द्वारा लाए गए ध्यानाकर्षण एवं सदस्यों द्वारा व्यक्त की गई आशंकाओं का जवाब दे रहे थे।


देवदत्त दुबे
भोपाल। 19 नगरीय निकाय चुनाव में प्रदेश के दोनों प्रमुख दल भाजपा और कांग्रेस के बागी प्रत्याशी पार्टी की नाक में दम किए हुए हैं। आदिवासी इलाकों में होने जा रहे इन चुनावों को 2018 के पहले एक तरह से लिटमस टेस्ट माना जा रहा है। दरअसल, प्रदेश में 2018 के लिए सत्ता संघर्ष शुरू हो चुका है। दोनों प्रमुख दल अब माहौल सुधारने की दिशा में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहते। यही कारण है कि 19 नगरीय निकाय के चुनाव में अधिकतम सीटों पर जीत दर्ज करने के लिए दोनों दल अपनी पूरी ताकत लगाए हुए हैं। लेकिन दोनों दलों के समीकरणों को उनके ही बागी प्रत्याशी बिगाड़ रहे हैं। जहां तक सत्ताधारी दल...
बाहुबली 2बाहुबली जब से रिलीज हुई है तब से फिल्मी दुनिया पर छाई हुई है. भारत में सफलता पाने वाली बाहुबली 2 विदेश को विदेशों में भी काफी सराहा जा रहा है. खबर है कि बाहुबली 2 मोस्को के अंतरराष्ट्रीय फिल्म फेस्टिवल में ओपनिंग फिल्म के तौर पर दिखाई जाएगी.
सर्दियों मेें धूप हर किसी को ही अच्छी लगती है लेकिन आजकल लोग या तो टैनिंग की वजह से या फिर अपने काम काज के कारण धूप नहीं ले पाते लेकिन यदि आप इसके फायदों के बारे में जानेगें तो आपको पता चलेगा कि धूप लेने से कितनी ही बीमारियां ठीक होती है।
.......
25 सितंबर
उपांग ललिता पंचमी व्रत। ललिता पंचमी। सोमवती पंचमी पर्व। बुध अस्त पूर्व में 16/22 पर।
26 सितंबर
बुध कन्या राशि में 10/28 पर। शुक्र पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र में 26/20 पर।
27 सितंबर
मूल नक्षत्र में सरस्वती देवी का आवाह्न। भद्रकाली अवतार। अन्नपूर्णा परिक्रमा प्रारम्भ 19/09 बजे से। ओली प्रारम्भ (जैन) चतुर्थी पक्ष। सूर्य हस्त नक्षत्र में 05/56 पर। सूर्य-सूर्य, स्त्री-नपुंसक योग, वाहन मूषक, वायु नाड़ी, तदीश सूर्य (पुरुष), अत: बहुत हवा चले अनावृष्टि हो।
28 सितंबर
दुर्गाष्टमी व्रत। महाष्टमी। अष्टमी का हवनादि आज ही करें। पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र में सरस्वती देवी का पूजन। अन्नपूर्णा परिक्रमा समाप्त 21/37 बजे। ओली प्रारम्भ (जैन पंचमी पक्ष)। श्री अष्टभुजी दुर्गा शक्ति पीठ (दुर्गा मंदिर) कानपुर में शतचण्डी यज्ञ का हवन पूर्णाहुति एवं महाप्रसाद वितरण। शक्ति संगीत सभा।
29 सितंबर......


iPage

iPage

Powerful Web Hosting and Domain Names for Home and Business

Our Platform Serves Over 1,000,000 Websites
click to chat with a live agent

This site is temporarily unavailable

If you manage this site and have a question about why the site is not available, please contact iPage directly.